₹500 की SIP से 1 करोड़ कैसे बन सकता है? SIP और Compounding की पूरी समझ
आपने कई बार सुना होगा कि शेयर मार्केट से लोग करोड़पति बन जाते हैं। लेकिन असली सवाल यह है कि पैसा बनता कैसे है?
अगर आप भी सोचते हैं कि ₹500 SIP से 1 करोड़ बनना नामुमकिन है, तो आप SIP की ताकत को कम आँक रहे हैं।
इस लेख में हम बिल्कुल आसान भाषा में समझेंगे कि SIP क्या होती है, कंपाउंडिंग कैसे काम करती है और कैसे लंबी अवधि में छोटी-छोटी निवेश राशि आपको बड़ा फंड बना कर दे सकती है — बिना जोखिम भरी ट्रेडिंग के।
SIP क्या होती है? (Systematic Investment Plan)
SIP का मतलब होता है हर महीने एक तय रकम निवेश करना।
- न्यूनतम SIP: ₹500
- तारीख आप खुद चुन सकते हैं
- निवेश अपने आप होता रहता है
- अनुशासन बनता है
SIP आप म्यूचुअल फंड, ETF या स्टॉक्स में कर सकते हैं।
₹500 SIP से 1 करोड़ कैसे बन सकता है?
यह संभव होता है कंपाउंडिंग की वजह से।
उदाहरण:
- मासिक SIP: ₹500
- समय: 40 साल
- औसत रिटर्न: 14–15%
कुल निवेश: लगभग ₹2.4 लाख
अंतिम राशि: ₹1–1.5 करोड़
यही कंपाउंडिंग की ताकत है —
शुरुआत में धीमी, बाद में तेज़।
कंपाउंडिंग क्या होती है?
कंपाउंडिंग का मतलब:
पैसे पर पैसा बनना
पहले साल:
- सिर्फ आपका निवेश काम करता है
बाद में:
- आपके रिटर्न भी रिटर्न बनाने लगते हैं
इसीलिए SIP में समय सबसे बड़ा हथियार होता है।
SIP में म्यूचुअल फंड बनाम स्टॉक
| विकल्प | जोखिम | उपयुक्त किसके लिए |
|---|---|---|
| म्यूचुअल फंड SIP | कम–मध्यम | Beginners |
| इंडेक्स फंड (Nifty 50) | मध्यम | Long term |
| स्टॉक SIP | ज्यादा | अनुभवी निवेशक |
नए निवेशकों के लिए म्यूचुअल फंड या इंडेक्स SIP बेहतर होती है।
Nifty 50 बनाम US स्टॉक्स SIP (उदाहरण)
अगर 10 साल तक ₹500 SIP की जाए:
- Nifty 50 → लगभग ₹1.15 लाख
- S&P 500 → लगभग ₹1.43 लाख
- Apple स्टॉक → लगभग ₹2.8 लाख
नोट: पुराने रिटर्न भविष्य की गारंटी नहीं होते।
US स्टॉक्स में SIP करने के फायदे
फ्रैक्शनल इन्वेस्टमें
- ₹500 में भी Apple, Google जैसे शेयर खरीद सकते हैं
डॉलर का फायदा
- डॉलर मजबूत होता है
- रुपये की गिरावट से अतिरिक्त लाभ मिलता है
SIP में लोग कौन-सी गलतियाँ करते हैं?
- जल्दी अमीर बनने की उम्मीद
- मार्केट गिरते ही SIP बंद करना
- 1–2 साल में बड़ा रिटर्न चाहना
SIP धैर्य का खेल है, जल्दबाज़ी का नहीं।
Buy on Dip SIP रणनीति (एडवांस)
- महीने की रकम को छोटे हिस्सों में बाँटें
- मार्केट गिरे तब ज्यादा खरीदें
- मार्केट ऊपर हो तो रुक जाएँ
इससे:
- औसत खरीद कीमत कम होती है
- लंबे समय में बेहतर रिटर्न मिल सकता है
SIP में लंबी अवधि क्यों ज़रूरी है?
- 1–2 साल में जादू नहीं होता
- 5+ साल में असर दिखता है
- 20–40 साल में दौलत बनती है
SIP = धैर्य + समय + अनुशासन
क्या ₹500 SIP से सच में 1 करोड़ बन सकता है?
हाँ, अगर 35–40 साल तक अनुशासन और सही रिटर्न के साथ निवेश किया जाए।
क्या SIP में नुकसान हो सकता है?
कम समय में हो सकता है, लेकिन लंबे समय में जोखिम काफी कम हो जाता है।
शुरुआती निवेशक SIP कहाँ करें?
म्यूचुअल फंड या इंडेक्स फंड SIP सबसे सुरक्षित विकल्प हैं।
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निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है, कृपया जानकारी पढ़कर निवेश करें