Share Market Crash: सेंसेक्स 1200 अंक टूटा, निफ्टी 25,200 के नीचे

मंगलवार, 20 जनवरी 2026 को भारतीय शेयर बाजार में भारी बिकवाली देखने को मिली।
Share Market Crash की वजह से निवेशकों में डर का माहौल बन गया और बाजार लाल निशान में बंद हुआ।
कारोबार के दौरान सेंसेक्स 1,220 अंकों से ज्यादा लुढ़क गया, जबकि निफ्टी 25,200 के अहम स्तर के नीचे फिसल गया। सिर्फ लार्जकैप ही नहीं, बल्कि मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी तेज गिरावट देखने को मिली।
Share Market Crash के 8 बड़े कारण
1. ग्लोबल ट्रेड वॉर की बढ़ती चिंता
अमेरिका की टैरिफ नीतियों को लेकर अनिश्चितता बढ़ने से ग्लोबल मार्केट में रिस्क-ऑफ सेंटीमेंट बना।
अमेरिका और यूरोप के बीच संभावित ट्रेड वॉर का सीधा असर भारतीय बाजार पर पड़ा।
2. FII की लगातार बिकवाली
जनवरी में अब तक विदेशी निवेशक करीब ₹29,000 करोड़ निकाल चुके हैं।
सोमवार को ही FIIs ने ₹3,262 करोड़ की बिकवाली की, जिसने Share Market Crash को और गहरा कर दिया।
3. Q3 के मिले-जुले नतीजे
तीसरी तिमाही के नतीजे बाजार की उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे।
खासतौर पर IT सेक्टर कमजोर रहा और निफ्टी IT इंडेक्स 1% से ज्यादा गिरा।
4. कमजोर ग्लोबल संकेत
एशियाई बाजारों में जापान, चीन और हांगकांग के इंडेक्स लाल निशान में रहे।
वॉल स्ट्रीट फ्यूचर्स में भी 1% से ज्यादा गिरावट देखी गई।
5. रुपये में कमजोरी
डॉलर के मुकाबले रुपया गिरकर 90.98 पर पहुंच गया।
कमजोर करेंसी से विदेशी निवेश और बाजार की धारणा दोनों पर नकारात्मक असर पड़ा।
6. अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट का फैसला
ट्रंप प्रशासन की टैरिफ नीति पर आने वाले अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लेकर बाजार में अनिश्चितता बनी हुई है।
7. कच्चे तेल की कीमतों में उछाल
ब्रेंट क्रूड 64 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर चला गया।
तेल की बढ़ती कीमतें भारत के लिए महंगाई और fiscal deficit का खतरा बढ़ाती हैं।
8. निफ्टी की वीकली एक्सपायरी
वीकली एक्सपायरी के चलते F&O सेगमेंट में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला, जिससे इंट्राडे में तेज गिरावट आई।
आगे बाजार का आउटलुक क्या कहता है?
मार्केट एक्सपर्ट्स के अनुसार:
- 25,550 के ऊपर निफ्टी टिकता है तो रिकवरी संभव
- 25,000–24,900 मजबूत सपोर्ट ज़ोन
- नीचे की तरफ ब्रेक हुआ तो गिरावट और गहरी हो सकती है
निवेशकों के लिए सलाह
घबराकर बेचने से बचें
क्वालिटी स्टॉक्स पर फोकस रखें
कैश पोजीशन बनाए रखें
डेरिवेटिव ट्रेडर्स strict stop-loss र
निष्कर्ष
Share Market Crash कोई नई चीज नहीं है, लेकिन हर गिरावट में एक मौका छुपा होता है।
जो निवेशक डर से नहीं, डेटा और डिसिप्लिन से काम लेते हैं — वही लंबे समय में पैसा बनाते हैं।
डिस्क्लेमर:
यह लेख केवल शैक्षणिक और जानकारी के उद्देश्य से लिखा गया है। इसमें दी गई जानकारी किसी भी प्रकार की निवेश सलाह नहीं है। शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन है। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह अवश्य लें। ProfitChakra किसी भी लाभ या हानि के लिए जिम्मेदार नहीं होगा।
Share Market Crash क्या होता है?
जब शेयर बाजार बहुत कम समय में तेज गिरावट दिखाता है, उसे Share Market Crash कहा जाता है।
आज शेयर बाजार क्यों गिरा?
आज बाजार गिरने की मुख्य वजहें थीं:
- FII की भारी बिकवाली
- ग्लोबल ट्रेड वॉर की आशंका
- कमजोर Q3 नतीजे
- रुपये में कमजोरी
क्या अभी निवेश करना सही है?
लॉन्ग टर्म निवेशकों के लिए गिरावट मौका हो सकती है, लेकिन शॉर्ट टर्म में सावधानी जरूरी है।
निफ्टी का अगला सपोर्ट लेवल क्या है?
एक्सपर्ट्स के मुताबिक निफ्टी के लिए
25,000 – 24,900 मजबूत सपोर्ट ज़ोन माना जा रहा है।
क्या यह गिरावट और बढ़ सकती है?
अगर ग्लोबल संकेत और FII सेलिंग जारी रही, तो बाजार में और उतार-चढ़ाव संभव है।